द्वारा प्रकाशित किया गया था डॉ. सुमित कपाड़िया | अगस्त 01, 2017

मेरे ससुर, श्री दह्याभाई पटेल, 94 वर्ष, गैंग्रीन से पीड़ित थे। शुरू में दूसरे डॉक्टर ने उसका इलाज किया, लेकिन दर्द अभी भी बना हुआ था। उसके बाद हमें वैस्कुलर सर्जन डॉ. सुमित कपाड़िया के बारे में पता चला। उन्होंने उसकी जांच की और निदान किया कि वह गैंग्रीन से पीड़ित था, जो उसके पैर के रक्त परिसंचरण में रुकावट के कारण हुआ था। 94 साल की उम्र में उनके पैर की बाईपास सर्जरी की गई, ऑपरेशन सफल रहा। आज मेरे ससुर बिना किसी सहारे के चल फिर सकते हैं और अपना सारा काम कर पा रहे हैं। डॉ. सुमित कपाड़िया और उनकी टीम को बहुत-बहुत धन्यवाद।

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